बायोगैस संयंत्रों की स्थापना पर मिलेगी 40 प्रतिशत सब्सिडी
चंडीगढ़ , 20 अगस्त - हरियाणा अक्षय ऊर्जा विकास अभिकरण के सहयोग से प्रदेश में बायोगैस उपयोग कार्यक्रम को ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में तेजी से प्रोत्साहित करने के लिए सब्सिडी प्रदान की जा रही है। बायोगैस एक स्वच्छ, प्रदूषण रहित, धुंआ रहित और किफायती ईंधन है, जो 55 से 70 प्रतिशत मीथेन गैस से भरपूर होता है। इसे गोबर गैस संयंत्र के माध्यम से पशुओं के गोबर और जैविक पदार्थों से उत्पन्न किया जाता है।
एक सरकारी प्रवक्ता ने इस बारे में जानकारी देते हुए बताया कि हरियाणा में लगभग 7.6 मिलियन पशुधन है, जिससे प्रतिदिन लगभग 3.8 मिलियन घन मीटर बायोगैस उत्पन्न करने की क्षमता है, जो लगभग 300 मेगावाट विद्युत उत्पादन में सहायक हो सकती है। इस गैस को शुद्ध कर बायो-गैस के रूप में भी प्रयोग में लाया जा सकता है। उन्होंने बताया...








